निम्नलिखित में से दीर्घ-गुण-वृद्धि-यण संधि के उदाहरणों को पहचान कर इसी क्रम में व्यवस्थित कीजिए -
(A) देवेश
(B) परमार्थ
(C) सदैव
(D) इत्यादि
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए:
Answer & explanation
Correct answer: option 3
सही उत्तर विकल्प (3) है → (B), (A), (C), (D)
(B) परमार्थ = परम + अर्थ — अ + अ = आ; दीर्घ संधि।
(A) देवेश = देव + ईश — अ + ई = ए; गुण संधि।
(C) सदैव = सदा + एव — आ + ए = ऐ; वृद्धि संधि।
(D) इत्यादि = इति + आदि — इ + आ = या; यण संधि।