निम्नलिखित गद्यांश में से प्रश्न का उत्तर दीजिए।
देश-विभाजन से पूर्व इन्होंने व्यापार के साथ-साथ मानद (ऑनरेरी) अध्यापन का कार्य किया। विभाजन के बाद पत्रकारिता, इप्टा नाटक मंडली में काम किया, मुंबई में बेरोज़गार भी रहे। फिर अंबाला के एक कॉलेज में तथा खालसा कॉलेज, अमृतसर में अध्यापन से जुड़े। कुछ समय बाद स्थायी रूप से दिल्ली विश्वविद्यालय के जाकिर हुसैन कॉलेज में साहित्य का अध्यापन किया। लगभग सात वर्ष विदेशी भाषा प्रकाशन गृह मास्को में अनुवादक के पद पर भी कार्यरत रहे। रूस प्रवास के दौरान रूसी भाषा का अध्ययन और लगभग दो दर्जन रूसी पुस्तकों का अनुवाद उनकी विशेष उपलब्धि रही। लगभग ढाई वर्षों तक नयी कहानियाँ का कुशल संपादन किया। ये प्रगतिशील लेखक संघ तथा अफ्रो-एशियाई लेखक संघ से भी संबद्ध रहे।
उपरोक्त गद्यांश का उपयुक्त शीर्षक क्या है?
Answer & explanation
Correct answer: option 2
सही उत्तर विकल्प (2) है → लेखक की जीवन-यात्रा
गद्यांश लेखक के विभाजन से पहले के काम से लेकर अध्यापन, मास्को प्रवास, संपादन और लेखक संघों तक का क्रम बताता है; उपयुक्त शीर्षक लेखक की जीवन-यात्रा है।
अन्य विकल्प — पत्रकारिता, इप्टा और प्रवास — लेखक के जीवन के केवल एक-एक अंश हैं।