निम्नलिखित काव्य-ग्रंथों का प्रकाशन वर्ष के अनुसार सही आरोही क्रम क्या होगा ?
A. साकेत
B. कामायनी
C. चाँद का मुँह टेढ़ा है
D. अंधायुग
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर चुनें :
Answer & explanation
Correct answer: option 1
सही उत्तर विकल्प (1) है → A, B, C, D
नोट: दिया गया उत्तर NTA की आधिकारिक उत्तर कुंजी के अनुसार है। किंतु कोई भी विकल्प सही प्रतीत नहीं होता, जैसा नीचे समझाया गया है।
प्रकाशन वर्ष के अनुसार सही क्रम:
(A) साकेत — 1931। मैथिलीशरण गुप्त।
(B) कामायनी — 1936। जयशंकर प्रसाद।
(D) अंधायुग — 1954। धर्मवीर भारती।
(C) चाँद का मुँह टेढ़ा है — 1964। गजानन माधव मुक्तिबोध।
सही आरोही क्रम A, B, D, C प्रतीत होता है, जो किसी विकल्प में नहीं है; NTA कुंजी (A, B, C, D) में 'अंधायुग' और 'चाँद का मुँह टेढ़ा है' का क्रम उलटा प्रतीत होता है।
छात्रों के लिए सुझाव: परीक्षा में वही विकल्प चुनें जो व्याकरण या तथ्य की दृष्टि से सही हो। यदि NTA की उत्तर कुंजी में अंकित उत्तर इससे भिन्न हो, तो उत्तर कुंजी पर आपत्ति दर्ज करने की निर्धारित अवधि में उस उत्तर को चुनौती (challenge) दें।