प्रस्तुत पद्यांश के आधार पर प्रश्नों के उत्तर दीजिए-
वर दे! वीणा वादिनी वर दे
प्रिय स्वतंत्र-रव अमृत-मंत्र नव भारत में भर दे!
काट अंध-उर के बंधन - स्तर
बहा जननि, ज्योतिर्मय निर्झर,
कलुष-भेद-तम हर प्रकाश भर जगमग जग कर दे!
नव गति, नव लय, ताल-छंद नव,
नवल कंठ, नव जलद-मंद्र रव
नव नभ के नव विहग-वृन्द को नव पर, नव स्वर दे!
पद्यांश में प्रयुक्त शब्द 'जलद' का तात्पर्य है:-
Answer & explanation
Correct answer: option 4
सही उत्तर विकल्प (4) है → बादल
जलद = जल + द (देने वाला), अर्थात् बादल; “नव जलद-मंद्र रव” में बादल की गंभीर गर्जना की बात है।
अन्य विकल्प गलत क्यों हैं?
विकल्प 1: पृथ्वी — पर्याय: धरा, भूमि।
विकल्प 2: वायु — पर्याय: पवन, समीर।
विकल्प 3: कमल — पर्याय: जलज, पंकज; ‘जलद’ नहीं।