निम्नलिखित में से किन पंक्तियों में उत्प्रेक्षा अलंकार है?
(A). लाल सूरज मानो आग का गोला हो।
(B). उसका स्वभाव मक्खन-सा कोमल था।
(C). पत्ते हिलते हैं मानो हवा से बातें कर रहे हों।
(D). विद्या-रत्न सबसे अनमोल है।
(E). ऊँचे शिखर मानो आकाश को छू रहे हों।
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर चुनें :
Answer & explanation
Correct answer: option 3
सही उत्तर विकल्प (3) है → केवल (A), (C) और (E)
जहाँ मानो, जनु, मनु आदि शब्दों द्वारा उपमेय में उपमान की संभावना की जाए, वहाँ उत्प्रेक्षा अलंकार होता है।
(A) लाल सूरज मानो आग का गोला हो। — उत्प्रेक्षा; 'मानो' द्वारा सूरज में आग के गोले की संभावना।
(B) उसका स्वभाव मक्खन-सा कोमल था। — उत्प्रेक्षा नहीं; स्वभाव की तुलना मक्खन से; वाचक 'सा', यह उपमा है।
(C) पत्ते हिलते हैं मानो हवा से बातें कर रहे हों। — उत्प्रेक्षा; 'मानो' द्वारा पत्तों के हिलने में बातें करने की संभावना।
(D) विद्या-रत्न सबसे अनमोल है। — उत्प्रेक्षा नहीं; विद्या पर रत्न का अभेद आरोप; यह रूपक है।
(E) ऊँचे शिखर मानो आकाश को छू रहे हों। — उत्प्रेक्षा; 'मानो' द्वारा शिखरों के आकाश छूने की संभावना।