'लातों के भूत बातों से नहीं मानते' लोकोक्ति का सही अर्थ क्या है?
Answer & explanation
Correct answer: option 3
सही उत्तर विकल्प (3) है → दुष्ट व्यक्ति दंड से ही मानता है, समझाने से नहीं
'लातों के भूत बातों से नहीं मानते' का अर्थ है दुष्ट व्यक्ति दंड से ही मानता है, समझाने से नहीं।
अन्य विकल्प गलत क्यों हैं?
विकल्प 1: मूर्ख के आगे ज्ञान की बात करना व्यर्थ है — यह 'भैंस के आगे बीन बजाए भैंस रही पगुराय' का अर्थ है।
विकल्प 2: कपटपूर्ण व्यवहार करना — यह 'मुँह में राम बगल में छुरी' का अर्थ है।
विकल्प 4: अधिक लोगों के होने से काम बिगड़ जाता है — यह 'ज़्यादा जोगी मठ उजाड़' का अर्थ है।