निम्नलिखित काव्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर प्रश्न का उत्तर दीजिए:-
दृढ़ निश्चय की हुई घोषणा, गूंज उठा जिससे जग सारा,
हैं स्वतंत्र सब भारतवासी, भारतवर्ष स्वतंत्र हमारा।
किसके आगे हाथ पसारें, कौन हमें है देने वाला,
अपनी छीनी हुई आजादी भारत खुद ही लेने वाला
हमने निज अधिकार- प्राप्ति के प्रण से पशु बल को ललकारा।
नर नारी , बच्चे बच्चे ने समझा, वह आजाद हुआ है ,
मुक्ति- भावना के से घर-घर में एक नया आह्लाद हुआ है,
मिलने को स्वतंत्र देशों में हुआ उठ खड़ा भारत प्यारा।
दृढ़ निश्चय के साथ हमारे हाथों में अब आजादी है
टूटे बंधन, मिटी गुलामी, खत्म समझ लो बर्बादी है
नई जिंदगी , नया वतन अब, नए विचारों की है धारा ।
स्वतंत्र सब भारतवासी भारतवर्ष स्वतंत्र हमारा।।
दृढ़ निश्चय की हुई घोषणा, गूंज उठा जिससे जग सारा,
हैं स्वतंत्र सब भारतवासी, भारतवर्ष स्वतंत्र हमारा।
किसके आगे हाथ पसारें, कौन हमें है देने वाला,
अपनी छीनी हुई आजादी भारत खुद ही लेने वाला
हमने निज अधिकार- प्राप्ति के प्रण से पशु बल को ललकारा।
नर नारी , बच्चे बच्चे ने समझा, वह आजाद हुआ है ,
मुक्ति- भावना के से घर-घर में एक नया आह्लाद हुआ है,
मिलने को स्वतंत्र देशों में हुआ उठ खड़ा भारत प्यारा।
दृढ़ निश्चय के साथ हमारे हाथों में अब आजादी है
टूटे बंधन, मिटी गुलामी, खत्म समझ लो बर्बादी है
नई जिंदगी , नया वतन अब, नए विचारों की है धारा ।
स्वतंत्र सब भारतवासी भारतवर्ष स्वतंत्र हमारा।।
'पशुबल को ललकारा' कथन का क्या तात्पर्य है?
Answer & explanation
Correct answer: option 2
पशुओं को ललकारा से तात्पर्य है , अंग्रेंजों को चुनौती दी|