'निसिदिन बरसत नैन हमारे' में कौन सा रस है?
Answer & explanation
Correct answer: option 2
सही उत्तर विकल्प (2) है → वियोग श्रृंगार
“निसिदिन बरसत नैन हमारे” — गोपियाँ कृष्ण के विरह में दिन-रात आँसू बहाती हैं; प्रिय से बिछुड़ने का यह प्रेम वियोग श्रृंगार है।
अन्य विकल्प गलत क्यों हैं?
विकल्प 1: संयोग श्रृंगार — इसमें प्रिय के मिलन का वर्णन होता है।
विकल्प 3: करुण — इसका स्थायी भाव शोक है; यहाँ प्रिय से फिर मिलने की आशा बनी हुई है।
विकल्प 4: वीर — इसका स्थायी भाव उत्साह है।